Home > राज्यों से > गुजरात में एक और मंत्री नाराज, बोले- सीएम 12-12 डिपार्टमेंट लिए बैठे हैं

गुजरात में एक और मंत्री नाराज, बोले- सीएम 12-12 डिपार्टमेंट लिए बैठे हैं

गुजरात में लगातार छठी बार सत्ता पर काबिज होने वाली भारतीय जनता पार्टी के भीतर अभी भी कुर्सी को लेकर लगातार नेताओं के बीच खींचतान जारी है और वह खुलकरक लोगों के सामने आ रही है। पहले जिस तरह से नितिन पटेल ने खुलकर मनचाहा विभाग नहीं मिलने के बाद बागी सुर दिखाते थे उसके बाद माना जा रहा था कि पार्टी के भीतर सबकुछ सही है। लेकिन एक बार फिर से विजय रूपाणी की अगुवाई में मत्स्य उद्योग मंत्री पुरुषोत्तम सोलंकी ने विरोधी सुर दिखाने शुरू कर दिए हैं।

कोली समाज का दिया हवाला

पुरुषोत्तम सोलंकी ने जोकि पांचवी बार विधायक चुनकर आए हैं और वह कोली समाज के नेता के तौर पर जाने जाते हैं का कहना है कि अगर पाटीदार नेता को मनचाहा विभाग मिल सकता है तो उनसे पूछकर क्यों उन्हें विभाग नहीं मिल सकता है। सोलंकी अतिरिक्त विभाग दिए जाने की मांग करते हुए कहा कि उन्हें मस्त्य विभाग दिया गया है इसके जरिए वह लोगों का कल्याण नहीं कर सकते हैं, यह विभाग कुछ तटीय जिलों में ही कारगर हैं, जबकि मेरे समाज के लोग मुझसे कल्याण की अपेक्षा रखते हैं।

पार्टी के सामने चुनौती

कोली समाज का हवाला देते हुए सोलंकी ने कहा कि अगर उन्हें कोई और बड़ा विभाग नहीं मिलता है तो उनके समाज के लोग उनसे नाराज हो सकते हैं। ऐसे में जिस तरह से सोलंकी ने बगावती सुर छेड़े हैं उसके बाद पार्टी के सामने एक बार फिर से बड़ी मुश्किल खड़ी हो गई है कि आखिर कैसे शीर्ष नेतृत्व उनके बगावती सुरों को नकेल कसता है। हालांकि गुजरात की राजनीति के जानकारों की मानें तो सोलंकी के दबाव में पार्टी नहीं आएगी और उन्हे अपने विभाग से ही संतोष करना पड़ेगा।

नितिन पटेल ने खोला था मोर्चा

गौरतलब है कि इससे पहले प्रदेश के उपमुख्यमंत्री नितिन पटेल मनमाफिक विभाग नहीं मिलने से नाराज थे, उन्हें वित्त, शहरी विकास और पेट्रोकेमिकल विभाग नहीं दिया गया था, जिसके चलते वह नाराज हो गए थे और उन्होंने जो विभाग उन्हें आवंटित किए गए थे उसका कार्यभार नहीं संभाला। जिसके बाद आलाकमान ने उन्हें वित्त ममंत्रालय सौंप दिया। इससे पहले मुख्यमंत्री विजय रूपानी ने यह विभाग सौरभ पटेल को दिया था, लेकिन जिस तरह से नितिन पटेल ने तेवर दिखाए उसके बाद उन्हें इस विभाग की जिम्मेदारी सौंप दी गई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *