Thu. Jan 17th, 2019

उत्तरकाशी: स्कूल में शिक्षक के उत्पीड़न से परेशान होकर छात्र ने की आत्महत्या

स्कूल में शिक्षक के उत्पीड़न से परेशान होकर एक छात्र ने घर के छज्जे पर फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना से पूर्व छात्र ने अपने परिजनों के साथ ही चाइल्ड हेल्प लाइन को फोन कर बताया भी था कि विद्यालय में एक शिक्षक उसका उत्पीड़न कर रहा है।

पुलिस को मामले में अभी कोई भी तहरीर नहीं मिली है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि तहरीर मिलने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। जिला मुख्यालय से लगी वरुणा घाटी के खुरकोट गांव में कक्षा नौ के छात्र मनीष चौहान (15) पुत्र प्यार सिंह चौहान ने मंगलवार देर शाम घर के छज्जे पर फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। छात्र के तीन बड़े भाई जिले से बाहर रोजगार करते हैं।

घटना के वक्त उसके पिता, मां और बहन भी किसी काम से गांव में ही कहीं गए थे। शाम सात बजे घर लौटने पर उन्हें पुत्र का शव फंदे से लटका मिला। बुधवार को चाइल्ड हेल्प लाइन के समन्वयक दीपक उप्पल के नेतृत्व में गांव पहुंची टीम ने बताया कि उक्त छात्र ने मंगलवार शाम पांच बजे चाइल्ड हेल्प लाइन पर फोन कर विद्यालय में शिक्षक द्वारा उत्पीड़न करने की बात कही थी।

टीसी के बजाय चरित्रहीन प्रमाण-पत्र जारी करने की बात कही थी

समन्वयक उप्पल के अनुसार छात्र मनीष ने हेल्प लाइन में शिकायत की थी कि होमवर्क नहीं करने पर स्कूल में शिक्षक ने उसकी पिटाई की और जब उसने विद्यालय से नाम कटवाने की इच्छा जताई तो शिक्षक ने उसे टीसी के बजाय चरित्रहीन प्रमाण-पत्र जारी करने की बात कही थी।

इससे मनीष काफी परेशान था। इस संबंध में उसने पिता को भी बताया था। उप्पल के अनुसार चाइल्ड हेल्प लाइन टीम ने छात्र से बुधवार सुबह स्कूल में ही मिलकर समस्या का समाधान कराने की बात कही थी, लेकिन उनके पहुंचने से पहले ही छात्र ने आत्महत्या कर ली। मनीष हाईस्कूल भराणगांव में नौवीं कक्षा का छात्र था।

थानाध्यक्ष महादेव उनियाल ने बताया कि पुलिस को बुधवार को पूर्वाह्न 11 बजे परिजनों ने आत्महत्या की सूचना दी है। हालांकि अभी तक इस मामले में किसी के खिलाफ तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *